भागती दौड़ती इस जिंदगी में सुकून है दोस्त ..
यूँ मेरे दोस्तों में बस गया हूँ मैं ..
अब रगों में मेरी दौड़ता खून है दोस्त..
हारने नहीं देता जो मुश्किलों में मुझे कभी ..
मेरे लिए मेरा जूनून है दोस्त..
तेरा मेरा अपना पराया कुछ भी नहीं ..
दोस्ती में एक आसमान है दोस्त..
दोस्ती में हो दुःख दर्द या मुसीबत कोई ..
यकीं रख धरती पर भगवान है दोस्त ..
दोस्त सिर्फ कह मत,दोस्ती निभा दिल से ..
फिर देख दोस्ती में कैसे दिल और जान है दोस्त ....
(प्रतीक त्यागी )
मेरे लिए मेरा जूनून है दोस्त..
तेरा मेरा अपना पराया कुछ भी नहीं ..
दोस्ती में एक आसमान है दोस्त..
दोस्ती में हो दुःख दर्द या मुसीबत कोई ..
यकीं रख धरती पर भगवान है दोस्त ..
दोस्त सिर्फ कह मत,दोस्ती निभा दिल से ..
फिर देख दोस्ती में कैसे दिल और जान है दोस्त ....

postingan yang bagus
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